सलाखों के पीछे बदली तकदीर: उम्रकैद के बंदी ने 12वीं प्रथम श्रेणी से पास कर शिक्षक बनने का संकल्प लियादुर्ग। शिक्षा केवल ज्ञान प्राप्त करने का माध्यम नहीं, बल्कि जीवन को नई दिशा देन...