नारी शक्ति वंदन अधिनियम के विरोध पर भड़के भोजराज सिन्हा, बोले—महिलाओं के अधिकारों से समझौता बर्दाश्त नहीं
भिलाई, 18 अप्रैल 2026।
लोकसभा में नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर हुए हालिया घटनाक्रम पर राजनीति तेज हो गई है। भिलाई नगर निगम के नेता प्रतिपक्ष भोजराज सिन्हा ने कांग्रेस सहित इंडी गठबंधन पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि इस महत्वपूर्ण विधेयक का विरोध महिलाओं के सशक्तिकरण के प्रति नकारात्मक मानसिकता को दर्शाता है।
सिन्हा ने कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम केवल किसी राजनीतिक दल का विषय नहीं है, बल्कि यह देश की करोड़ों माताओं-बहनों के अधिकार, सम्मान और उनके उज्ज्वल भविष्य से जुड़ा हुआ है। ऐसे संवेदनशील और महत्वपूर्ण मुद्दे पर विपक्ष द्वारा राजनीति करना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है।
उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि पिछले कई दशकों में महिलाओं को सशक्त बनाने की दिशा में ठोस प्रयास नहीं किए गए। इसके उलट, कई मौकों पर महिलाओं के अधिकारों को सीमित करने का कार्य किया गया। वहीं, वर्तमान समय में प्रधानमंत्री के नेतृत्व में महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए कई ऐतिहासिक और प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं, जिनसे उन्हें सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक क्षेत्र में समान अवसर प्राप्त हो रहे हैं।
भोजराज सिन्हा ने आगे कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम महिलाओं को सशक्त बनाने की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगा। ऐसे में इसका विरोध करना न केवल महिलाओं का अपमान है, बल्कि देश की प्रगति में बाधा डालने का प्रयास भी है।
उन्होंने कांग्रेस और इंडी गठबंधन से अपील करते हुए कहा कि वे संकीर्ण राजनीतिक सोच से ऊपर उठकर महिलाओं के हित में इस ऐतिहासिक निर्णय का समर्थन करें।
अंत में सिन्हा ने कहा कि देश की नारी शक्ति सब कुछ देख रही है और आने वाले समय में वह ऐसे महिला विरोधी रवैये का लोकतांत्रिक तरीके से जवाब जरूर देगी।